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2025 Supreme(Online)(SCDRC) 39630

STATE CONSUMER DISPUTES REDRESSAL COMMISSION
Satyendra Kumar – Appellant
Versus
Dr. D.J. Pandey and another – Respondent
SC/9/A/1390/2022



Petitioner Advocates:Vineet Kumar ,Respondent Advocate:

##PAGE1##

STATE CONSUMER DISPUTES REDRESSAL COMMISSION

UTTAR PRADESH

FIRST APPEAL NO. SC/9/A/1390/2022

Satyendra Kumar

PRESENT ADDRESS - S/o Amer Singh R/o Vill. Uberpur P/S Hafizpur Dist. Hapur,UTTAR

PRADESH.

.......Appellant(s)

Versus

Dr. D.J. Pandey and another

PRESENT ADDRESS - R/o Rama Hospital and Research Centre Unit of Rama Medical Collage

N.H. 24 Pilkhuwa Dist. Hapur,UTTAR PRADESH.

.......Respondent(s)

BEFORE:

HON'BLE MR. JUSTICE AJAI KUMAR SRIVASTAVA , PRESIDENT

HON'BLE MRS. SUDHA UPADHYAY , MEMBER

FOR THE APPELLANT:

Satyendra Kumar

FOR THE RESPONDENT:

Dr. D.J. Pandey and another

DATED: 29/12/2025

ORDER

(

सुरक्षित)

, ,

राज्य उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोइग उ0प्र0 लखनऊ

अपील संख्या-1390/2022

( ,

जिला आयोग हापुड़ द्वारा परिवाद संख्या-54/2018 में पारित निर्णय/आदेश दिनांक 19.10.2022 के विरूद्ध)

, , ,

सतेन्द्र कुमार पुत्र अमर सिंह निवासी ग्राम उबारपुर थाना हाफिजपुर जिला हापुड़।

अपीलार्थी/परिवादी

बनाम

##PAGE2##

1. , , , ,

डा0 डी.जे. पाण्डेय निवासी रामा हॉस्पिटल एण्ड रिसर्च सेन्टर यूनिट आफ रामा मेडिकल कालेज एन.एच. 24

,

पिलखुवा जिला हापुड़।

2. , , , , ,

मैनेजर रामा हॉस्पिटल एण्ड रिसर्च सेन्टर यूनिट आफ रामा मेडिकल कालेज एन.एच. 24 पिलखुवा जिला

हापुड़।

प्रत्यर्थीगण/विपक्षीगण

समक्ष:-

1. ,

माननीय न्यायमूर्ति श्री अजय कुमार श्रीवास्तव अध्यक्ष।

2. ,

माननीय श्रीमती सुधा उपाध्याय सदस्य।

:

अपीलार्थी की ओर से उपस्थित श्री विनीत कुमार।

:

प्रत्यर्थीगण की ओर से उपस्थित कोई नहीं।

29.12.2025

दिनांक:

,

माननीय न्यायमूर्ति श्री अजय कुमार श्रीवास्तव अध्यक्ष द्वारा उद्घोषित

निर्णय

1. , ,

प्रस्तुत अपील अपीलार्थी/परिवादी द्वारा परिवाद संख्या-54/2018 सतेन्द्र कुमार बनाम डा0 डी.जे. पाण्डेय

, 19.10.2022

व अन्य में विद्वान जिला आयोग हापुड़ द्वारा पारित आलोच्य निर्णय/आदेश दिनांक से क्षुब्ध होकर

, ,

योजित की गई है जिसके माध्यम से विद्वान जिला आयोग हापुड़ ने उक्त परिवाद को आंशिक रूप से स्वीकार करते हुए

अधोलिखित आदेश पारित किया है :-

''

परिवादी का परिवाद आंशिक रूप से विपक्षी सं०-2 व एकपक्षीय विपक्षी सं०-1 के विरूद्ध निर्णीत की जाती है

तथा विपक्षीगण को निर्देश दिया जाता है कि वह निर्णय की तिथि से 30 दिवस के अन्दर परिवादी के पिता श्री अमर

,463/-

सिंह के उपचार में आये समस्त व्यय (दाखिल बिल के आधार पर) रू0 3 रू0 व परिवादी के पिता के ऑंख के

,

आपरेशन के कारण ऑंख खराब हो जाने परिवादी व उसके पिता को हुई आर्थिक व मानसिक क्षति की बावत रू0 50

000/-

रू0 मय 7 प्रतिशत वार्षिक की दर से दिनांक 13.03.2018 से अदायगी की तिथि तक अदा करे इसके अलावे

,000/-

विपक्षीगण परिवादी को वाद व्यय के रूप में अतिरिक्त रू0 10 रू0 अदा करेगा। असफल रहने पर परिवादी जरिया

''

विधिक प्रक्रिया से उक्त धनराशि प्राप्त करने का अधिकारी होगा।

2.

अपीलार्थी के पक्ष से योग्य अधिवक्ता श्री विनीत कुमार उपस्थित हैं। प्रत्यर्थीगण के पक्ष से सुनवाई की

तिथि पर न तो कोई उपस्थित हुआ एवं न ही तिथि स्थगन हेतु कोई प्रार्थना पत्र ही दिया गया है। प्रत्यर्थीगण

पर्याप्त तामीला के बावजूद उपस्थित नहीं हैं। अत: उपरोक्त वर्णित परिस्थितियों के आलोक में अपीलार्थी के पक्ष से

उपस्थित योग्य अधिवक्ता के तर्कों को विस्तारपूर्वक सुना गया तथा सम्पूर्ण पत्रावली का अवलोकन किया गया।

3.

प्रस्तुत अपील के निस्तारण के उद्देश्य से सुसंगत तथ्य इस प्रकार हैं कि परिवादी/अपीलार्थी ने अपने पिता

##PAGE3##

,

श्री अमर सिंह को ऑंखों से कम दिखाई देने की शिकायत पर रामा हॉस्पिटल में विपक्षी संख्या-1 डा0 डी.जे. पाण्डेय

, ,

को दिखाया गया जिनके द्वारा कहा गया कि मोतियाबिंद है आपरेशन करना पड़ेगा। विपक्षी संख्या-1 के कथन पर

विश्वास करते हुए परिवादी ने अपने पिता को दिनांक 12.01.2018 को विपक्षीगण के अस्पताल में भर्ती कराया तथा

दिनांक 13.01.2018 को विपक्षी संख्या-1 ने उनकी ऑंखों का आपरेशन किया तथा दिनांक 16.01.2018 को परिवादी

के पिता को अस्पताल से छुट्टी दे गयी एवं 15 दिन बाद पुन: दिखाने के लिए कहा गया। विपक्षी संख्या-1 द्वारा

,

परिवादी से कहा गया कि ऑंखों में समय-समय पर दवाई डालते रहें धीरे-धीरे ऑंखो की रोशनी आ जाएगी किंतु कोई सुधार

,

न होने के कारण परिवादी अपने पिता को पुन: दिनांक 02.02.2018 को विपक्षी संख्या-1 को दिखाया गया जिनके

,

द्वारा परिवादी से कहा गया कि वह अपने पिता को डा0 शकील अहमद मेरठ को दिखाए। परिवादी द्वारा अपने पिता को

, ,

दिनांक 15.02.2018 को डा0 शकील अहमद मेरठ को दिखाया गया जिनके द्वारा परिवादी के पिता की ऑंखों की जांच

,

की गयी। जांचोपरांत उनके द्वारा बताया गया कि ऑंखे खराब हो चुकी हैं अब ठीक नहीं हो पाएंगी इसके बाद परिवादी

, ,

अपने पिता को

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